अंतरराष्ट्रीय सहयोग योजना अंतरराष्ट्रीय सहयोग योजना अंतरराष्ट्रीय सहयोग योजना
अंतरराष्ट्रीय सहयोग, technology exchange और business activities में भाग लेने वाले MSMEs के लिए सहायता। अंतरराष्ट्रीय सहयोग, technology exchange और business activities में भाग लेने वाले MSMEs के लिए सहायता।
योजना विवरण
संक्षिप्त विवरण: अंतरराष्ट्रीय सहयोग योजना (International Cooperation Scheme)
सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय (MSME) द्वारा संचालित प्रमुख योजना, जिसके माध्यम से भारतीय उद्यमियों को अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनियों में भाग लेने, विदेश यात्रा करने और अपने उत्पादों का वैश्विक निर्यात बढ़ाने हेतु भारी वित्तीय सब्सिडी दी जाती है।
अंतरराष्ट्रीय सहयोग (IC) योजना क्या है?
इंटरनेशनल कोऑपरेशन (IC) स्कीम का प्राथमिक उद्देश्य भारतीय एमएसएमई इकाइयों को वैश्विक बाजार से जोड़ना और अंतरराष्ट्रीय तकनीक को भारत लाना है। जब कोई उद्यमी या औद्योगिक संगठन विदेशों में आयोजित होने वाले व्यापार मेलों (Trade Fairs), सम्मेलनों और बायर-सेलर मीट्स में भाग लेता है, तो सरकार उसके स्टॉल के किराए, हवाई यात्रा टिकट (Airfare), माल ढुलाई (Freight) और प्रचार खर्च की भरपाई सब्सिडी के रूप में करती है।
वित्तीय सहायता और सब्सिडी का विवरण
| मद / सहायता घटक | अधिकतम वित्तीय सहायता सीमा |
|---|---|
| स्टॉल किराया (Space Rent) | अधिकतम ₹3.00 लाख प्रति एमएसएमई इकाई |
| हवाई यात्रा किराया (Economy Airfare) | अधिकतम ₹1.50 लाख तक (नियम व देश की दूरी अनुसार) |
| सैंपल माल ढुलाई (Freight Charges) | अधिकतम ₹50,000 (लैटिन अमेरिकी देशों के लिए ₹75,000) |
| प्रचार एवं विज्ञापन शुल्क | अधिकतम ₹5.00 लाख (औद्योगिक संगठनों व प्रतिनिधिमंडलों हेतु) |
| इवेंट पंजीकरण शुल्क | अधिकतम ₹5,000 प्रति प्रतिभागी |
योजना के प्रमुख घटक (Components)
- मार्केट डेवलपमेंट असिस्टेंस (MDA): विदेशों में लगने वाले प्रमुख अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेलों और प्रदर्शनियों में स्टॉल लगाने के लिए वित्तीय सहायता।
- क्षमता निर्माण (CBFTE): पहली बार निर्यात करने वाले उद्यमियों को एक्सपोर्ट इंश्योरेंस, क्वालिटी टेस्टिंग और पैकेजिंग अपग्रेडेशन हेतु विशेष अनुदान।
- ग्लोबल बिजनेस डेलिगेशन: विदेशी तकनीक हस्तांतरण (Technology Transfer) और ज्वाइंट वेंचर्स तलाशने के लिए व्यापारिक प्रतिनिधिमंडलों को सहयोग।
पात्रता (Eligibility Criteria)
- आवेदक इकाई के पास वैध उद्यम रजिस्ट्रेशन (Udyam Certificate) होना आवश्यक है।
- विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) द्वारा जारी वैध आयात-निर्यात कोड (IEC) होना अनिवार्य है।
- इकाई या औद्योगिक संस्था के पिछले 3 वर्षों के ऑडिट किए हुए वित्तीय खाते होने चाहिए।
- एक उद्यम को एक वित्तीय वर्ष में अधिकतम 2 आयोजनों के लिए ही वित्तीय सहायता मिल सकती है।
- योजना के तहत निर्धारित स्कोरकार्ड में इकाई का न्यूनतम 60% अंक प्राप्त करना अनिवार्य है।
ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?
- आधिकारिक पोर्टल ic.msme.gov.in पर जाएं।
- अपने उद्यम क्रेडेंशियल्स के साथ लॉगिन करें अथवा New User Registration पर पंजीकरण करें।
- MSME मंत्रालय द्वारा जारी स्वीकृत अंतरराष्ट्रीय आयोजनों की सूची में से अपने ट्रेड के अनुसार मेले का चयन करें।
- आयोजन शुरू होने से कम से कम 60 दिन पहले बजट अनुमान और आवश्यक दस्तावेजों के साथ अग्रिम आवेदन जमा करें।
- इवेंट पूरा होने के 30 दिनों के भीतर बोर्डिंग पास, स्टॉल की तस्वीरें, मूल बिल और भुगतान रसीदें पोर्टल पर अपलोड करें; स्वीकृत सब्सिडी राशि सीधे बैंक खाते में जमा कर दी जाएगी।